Pachmarhi Chauragarh Temple || चौरागढ़ महादेव मंदिर, पचमढ़ी

 Pachmarhi Chauragarh Shiv Temple

चौरागढ़  महादेव पचमढ़ी


चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) का प्रसिद्ध मंदिर शिव मंदिर मध्य प्रदेश का प्रमुख पर्यटन स्थल है और यह पचमढ़ी में स्थित है। चैरागढ़ का मंदिर एक ऊंचे पहाड़ पर स्थित है यह मंदिर भगवान शिव जी को समर्पित है। चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) महादेव पचमढ़ी (Pachmarhi) की एक खूबसूरत जगह है। यह जगह बहुत खूबसूरत है और जंगलों से घिरी हुई है। इस मंदिर तक जाने के लिए आपको बहुत मेहनत करनी पड़ेगी क्योंकि इस मंदिर तक पहॅुचने के लिए आपको पैदल चलना पड़ेगा और यह जगह पूरी तरह से जंगल और पहाड़ों से घिरी हुई है, यहां पर आपको बहुत खूबसूरत प्राकृतिक व्यू देखने मिलता है, यहां पर वादियों का मनोरम दृश्य देखने मिलता है।  चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर 1326 मीटर की ऊंची पहाड़ी पर स्थित है और इस मंदिर तक पहुंचने के लिए आपको 1300 चढ़ने पड़ती है।


पचमढ़ी (Pachmarhi) को सतपुड़ा की रानी कहा जाता है और यहां पर बहुत सारी धार्मिक जगह है, जिनमें से प्राचीन शिव भगवान जी का मंदिर भी एक है,जिसके दर्शन करने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं। यहां पर साल भर लोग दर्शन करने के लिए आते हैं, मगर विशेषकर नाग पंचमी और महाशिवरात्रि के समय पचमढ़ी में मेले का आयोजन किया जाता है, जिसमें लाखों की संख्या में लोग आते हैं और भगवान शिव के दर्शन करने के साथ-साथ उन्हें त्रिशूल चढ़ाते हैं।

Pachmarhi Chauragarh Temple
Pachmarhi Chauragarh Temple

चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) के प्राचीन शिव भगवान जी के मंदिर तक जाना आसान बात नहीं है। यह पूरा पहाड़ी रास्ता है और इस रास्ते में आपको किसी भी तरह की सुविधाएं नहीं मिलती हैं। आपको पैदल चलना पड़ता है और यहां तक जाते-जाते आपकी हालत खराब हो जाती है मगर शिव भगवान के भक्त इस रास्ते पर बम बम भोले का जयकार लगाते हुए चलते हैं और भगवान शिव को अर्पण करने के लिए भारी त्रिशूल भी लेकर चलते है। 

Pachmarhi Chauragarh Temple
Pachmarhi Chauragarh Temple

चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) स्थिाति एवं जाने का रास्ता


चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) का महादेव मंदिर पचमढ़ी में स्थित है। पचमढ़ी (Pachmarhi) होशंगाबाद शहर में स्थित है और होशंगाबाद शहर मध्य प्रदेश में स्थित एक शहर है। पचमढ़ी पहुंचने के लिए आपको सबसे अच्छा साधन ट्रेन से है। आप ट्रेन से आसानी से पचमढ़ी (Pachmarhi) पहुंच सकते हैं आप आना चाहें तो अपने वाहन से भी पचमढ़ी आ सकते हैं सड़क मार्ग से भी पचमढ़ी अच्छी तरह से कनेक्टेड है और आप इस पचमढ़ी (Pachmarhi)सड़क मार्ग से भी पहुॅच सकते हैं। आप पचमढ़ी (Pachmarhi) ट्रेन से आते है तो ट्रेन से आपको पहले पिपरिया रेलवे स्टेशन तक आना होता है, वहां से आपको बस एवं जिप्सी की सुविधा मिल जाती है। आप चाहे तो बस से आ सकते हैं या जिप्सी से आ सकते हैं। बस में आपका कम किराया लगता है, 60 रू पचमढ़ी तक का किराया लगता है। जिप्सी में आपको ज्यादा किराया लगता है। आपको जिप्सी में आने के लिए बारगेन करना पड़ता है। आप पिपरिया से पचमढ़ी तक खूबसूरत वादियों का नजारा देखते हुए पहुंच जाते हैं। 

पचमढ़ी में नागपंचमी मेला


पचमढ़ी (Pachmarhi) में आप जब नागपंचमी के मेले में आते हैं तो यहां पर बहुत ज्यादा भीड़ रहती है। आपको पचमढ़ी नगर के बाहरी क्षेत्र में ही उतार दिया जाता है। आपको वहां से पैदल पचमढ़ी (Pachmarhi) नगर तक आना पड़ता है। आपको नाग पंचमी के मेले के समय यहां पर पूरी रोड में बहुत सारी दुकाने मेला दिखाई देगा और पचमढ़ी के बाहरी क्षेत्र इतने सारे वाहन दिखाई देंगे क्योंकि यहां पर लोग नाग पंचमी के टाइम में बहुत दूर-दूर से आते हैं, तो पूरी बस बुक करके आते हैं तो यहां पर आपको बहुत सारे वाहन दिखाई देगी। आप जब पचमढ़ी (Pachmarhi) के बाहरी क्षेत्र पचमढ़ी नगर की तरफ आते है तो आपको बहुत सारी तरह तरह की दुकानें देखने मिलती है। आपको रोड के दोनों तरफ दुकानें दिखाई देगी। 

पचमढ़ी  (Pachmarhi)में जब आप पहुंचते हैं, तो आपको यहां से चैरागढ़ मंदिर तक जाने के लिए जीप या जिप्सी मिल जाती है। मेले के दौरान यहां पर जिप्सी का किराया बहुत सस्ता रहता है। आपको 30 या 40 रू में चौरागढ़ मंदिर (Chauragarh  Shiv Temple) तक आसानी से पहुंचा दिया जाता है। मेले के समय पचमढ़ी में बहुत ज्यादा भीड़ रहती है तो गाड़ी में भी बहुत ज्यादा भीड़ रहती है। गाड़ी वाला एक साथ 10 से 15 लोगों को बैठा लेता है और मंदिर तक छोड़ जाता है।

चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर तक पहुंचने के लिए जो सड़क है वह बहुत खूबसूरत है। यह जो सड़क है इस पर कहीं-कहीं पर ऐसे मोड़ है, जो आपको खतरनाक लगते हैं मगर ड्राइवर जो है वह इन मोड पर गाडी असानी से चला लेता है क्योकि उसे गाड़ी चलाने की आदत रहती है। अगर आप अपने वाहन से इस जगह पर जाते हैं तो गाड़ी आप आराम से चलाइए क्योंकि यहां पर बहुत सारे एक्सीडेंट होते रहते है। आपको यहां पर जरूर 1 या 2 गाड़ी देखने मिल जाएंगी जिनके एक्सीडेंट यहां पर हो चुके हैं। 

Pachmarhi Chauragarh Temple
Pachmarhi Chauragarh Temple

Pachmarhi Chauragarh Temple
Pachmarhi Chauragarh Temple


जिप्सी वाला आपको बड़ा महादेव मंदिर के पास छोड़ देता है। आप चाहे तो बड़ा महादेव मंदिर घूम कर चौरागढ़ मंदिर (Chauragarh  Shiv Temple) के लिए जा सकते हैं। चैरागढ़ मंदिर (Chauragarh  Shiv Temple) के रास्ते में ही आपको गुप्त महादेव मंदिर भी देखने मिल जाएगा । आप गुप्त महादेव मंदिर भी घूम सकते है। 

चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर की पैदल यात्रा 


चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर 3 से 4 किलोमीटर की दूरी पर है। आपको इस मंदिर तक पैदल जाना पड़ता है। यहां पर किसी भी तरह की सुविधाएं नहीं मिलती है और ना ही वाहन चलते हैं। आपको पैदल यात्रा करनी पड़ती है और यह पथरीला रास्ता होता है। आपको यहां पर जूते पहन कर जाना चाहिए क्योंकि चप्पल यहां पर किसी भी काम की नहीं रहती है।आप इस रास्ते से जाते हैं तो आपको यहां पर जंगलों की खूबसूरती देखने मिलता है। यहां पूरा रास्ता जंगल का है चारों तरफ हरे भरे पेड़ों है। यहां पर आपको चारों तरफ हरियाली देखने मिलती है।

आप ऊपर पहूॅचते है तो आपको बहुत मस्त व्यू देखने मिलता है। चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर के रास्ते में एक गुफा देखने मिलेगी जहां पर कहा जाता है कि सीता जी ने अपने वनवास काल के दौरान इस गुफा में ठहरी थी, यह गुफा सीता जी के नाम पर रखी गई है। यहां पर आपको इस गुफा के पास से ही चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर तक जाने के लिए दो रास्ते मिलेंगे एक रास्ता पक्का मिलेगा और एक रास्ता जंगल वाला मिलेगा जो शॉर्टकट है आप वहां से भी चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर तक जा सकते हैं, वैसे मुझे लगता है कि दोनों रास्ते की दूरी समान ही होगी। 

हम लोग पक्के रास्ते से चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर तक गए थे और मैं आपको भी यही रास्ता प्रेफर करूगी, आप पक्के रास्ते से जाएं क्योंकि इस रास्ते में आपको किसी भी तरह की दिक्कत नहीं होगी और आप आराम से जा सकते हैं और जो जंगल वाला रास्ता है जो शॉर्टकट रास्ता है उससे आपको शायद दिक्कत हो सकती है क्योंकि वह रास्ता पूरी तरह से उबड़ खाबड़ हो सकता है। आपको जैसे जैसे उपर चढाते है आपको पहाडियो को खूबसूरत व्यू देखने मिलता है और चारों तरफ हरियाली देखने मिलती है। यहां पर आपको बहुत सारे बंदर भी देखने मिल जाएंगे बंदरों को अब किसी भी तरह का खाना ना डालिए और खाने का सामान हाथ पर लेकर न चलें नहीं तो बंदर आपके हाथ से छीन सकते है।

Pachmarhi Tourist Place


चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर का विवरण 


यह मंदिर बहुत अच्छी तरह से बन गया है और यहां पर आपको आकर बहुत अच्छा लगेगा। यहां पर पानी की व्यवस्था है आप थोड़ा देर आराम करके पानी पीकर भगवान जी के दर्शन करने के लिए जा सकते हैं और यहां पर आप नीचे चप्पल उतार कर फिर भगवान जी के दर्शन करने जा सकते हैं। यहां पर शिव भगवान की जो प्रतिमा है वह बहुत आकर्षक है और आपको बहुत खूबसूरत लगेगी और लोग इतनी दूर दूर से भगवान जी के दर्शन करने के लिए आते हैं और इस प्रतिमा में कहा जाए तो एक प्रकार का जादू है आप इस प्रतिमा को  देखते रह जाएंगे। यहां पर आपको अच्छा लगेगा के प्रतिमा के दर्शन करने के बाद बाहर आते हैं तो आपको गणेश जी का मंदिर देखने मिलेगा आप गणेश जी के दर्शन कर सकते हैं उन्हें प्रसाद चढ़ा सकते हैं। उसके बाद आप मंदिर के सामने तरफ आएंगे तो सामने भी आपको शंकर जी और भी अन्य देवी-देवताओं के दर्शन करने मिल जाएंगे जिनकी प्रतिमा मंदिर के बाहर रखी गई है। आप यहां पर त्रिशूल देख सकते हैं, यहां पर ढेर सारे त्रिशूल रखे गए हैं। इतने सारे और बहुत वजन के यहां पर देखने मिलतेे है। 

हम लोग पहले यहां पर आए थे तो त्रिशूल से पूरी मंदिर की बाउंड्री बनाई गई थी, मगर अभी पूरा कवर कर दिया गया है। आपको यहां से चारों तरफ का खूबसूरत व्यू देखने मिलता है जो एकदम अनोखा रहता है आप शायद इस तरह कभी ना देखे हो और शायद देखे भी हो मगर इसके बारे शब्दों में नहीं बताया जा सकता है। आपको मंदिर के बाहर ही अगरबत्ती जलाने मिलेगी और आप बाहर ही नारियल फोड़ सकते हैं, आप अंदर जाकर सिर्फ भगवान जी के दर्शन कर सकते हैं। शिव भगवान जी के और दर्शन करके आपको बाहर आना पड़ेगा । यहां पर आप खूबसूरत वदियों में फोटोग्राफी भी कर सकते है। आपको यह लगता है कि जो बादल है वह आपके पास ही से उड रहे हो। यहां पर जो बरसात का मौसम रहता उस टाइम भी अच्छा लगता है वैसे गर्मी के मौसम में भी यहां अच्छा लगता है, क्योंकि यहां पर चारों तरफ हरियाली रहती है। यहां के जो पेड़ पौधे रहते हैं वह गर्मी के मौसम में भी हरे भरे रहते हैं। इस जगह पर आकर आपकी थकावट दूर हो जाती है, जो इतनी दूर से आप चल कर आते हैं। वह थकावट आपकी इस जगह पर आकर पूरी तरह से चली जाती है। 

Pachmarhi Chauragarh Temple
Pachmarhi Chauragarh Temple

Pachmarhi Chauragarh Temple
Pachmarhi Chauragarh Temple


अब यहां मंदिर बहुत अच्छा बन गया है। हम इस मंदिर में करीब 10 साल पहले गए थे तब यहां पर कुछ भी नहीं था। यहां पर शिव भगवान की मूर्ति खुले में ही रखी हुई थी और त्रिशूल से मंदिर के चारों तरफ बाॅडरी बनी हुई थी। यहां पर किसी भी तरह की व्यवस्था नहीं थी मगर अब यहां पर हर तरह की व्यवस्था है। 

चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर के रास्ते में लगने वाली दुकानें 


जब आप पचमढ़ी में मेले के दौरान आते है और आप जब इस मंदिर पर पहुंचते हैं, तो मंदिर के रास्ते में आपको बहुत से दुकानें मिलती है। मेले के दौरान यहां पर बहुत सारी दुकानें लगती हैं जहां पर आप खाना खा सकते हैं और नींबू पानी पी सकते हैं और भी बहुत सारी दुकानें लगती हैं। मेले के समय में यहां पर बहुत ज्यादा भीड़ रहती है। मेले के समय में यहां पर आपको भंडारा भी मिलता है। आपको कढ़ी चावल सब्जी पूड़ी यहां खाने मिलता है और भंडारा तो बहुत मस्त रहता है। 

चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर के रास्तें में बहुत दुकाने रहती है आप चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर  के रास्ते मे थक जाते है, आप रास्ते में रेस्ट करके कुछ भी खरीदकर खा सकते है। दुकानों में आपको उबली बेर एवं भुने चने एवं मूगंफली भी मिल जाती है। 

यहां पर आपको बहुत सी ऐसी भी दुकान देखने मिलती है, जहां पर आपको देशी दारू मिलती है, बहुत से लोग यहां से दारू लेते है । इन दुकानों पर आपको 10 या 20 रू गिलास में दारू मिलती है। यहां पर बहुत से लोग दारू पीते हुए देखते हुए मिल जाते है। सस्ती देशी दारू पीकर बहुत से लोग यहां पर घूमते रहते है। 

Pachmarhi Chauragarh Temple
Chauragarh view


चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) मंदिर में मन्नत पूरी होती है


महादेव मंदिर में आकर श्रद्धालु मन्नत मानते है। यहां पर लोगों की इच्छा पूरी होती है और जिसकी भी इच्छा पूरी होती है वहां महादेव मंदिर में आकर त्रिशूल चढाते है। यहां पर लोग छोटे से लेकर बडे त्रिशूल तक चढाते है। यहां पर लोग 100 से 200 किलो के त्रिशूल लेकर चढाते है। यहां पर आप हजारों की संख्या में त्रिशूल देख सकते है। जो लोगों के द्वारा इतनी दूर से लाए जाते हैं और शिव भगवान जी को अर्पण किए जाते हैं यहां पर लोगों की मन्नत पूरी हो जाती है। 

आपके लिए सलाह


  • आप चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) महादेव मंदिर तक जाने के जूते पहन कर जाएं क्योंकि आप की चप्पल टूट सकती है और हाई हील तो बिल्कुल ना पहने अगर चप्पल पहनते है तो मजबूत चप्पल पहनें। 
  • आप चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) महादेव मंदिर में जाए तो पानी और ग्लूकोस लेकर चलें क्योकि यहां पर आपको बहुत चलना पडता है जिससे आप बहुत थक जाते है। ग्लूकोस से आपको एनर्जी मिलती है तो जरूर लेकर चलें।
  • आप चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) महादेव मंदिर में जाए तो अपने साथ कुछ भुने चने और मूंगफली लेकर जाये जिससे आप जहां पर भी रेस्ट करें तो ये खा सकें। 
  • चौरागढ़ (Chauragarh  Shiv Temple) महादेव मंदिर में आपको बहुत चलना पडता है तो आप बच्चे या बूढे व्याक्ति को परेशानी आ सकती है। 

Satdhara MelaBhutiya GoanKataw Dham


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