सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

उदयपुर के पर्यटन स्थल - Udaipur tourist places

उदयपुर दर्शनीय स्थल - उदयपुर में घूमने लायक जगह / उदयपुर में घूमने के स्थान / उदयपुर के आसपास घूमने वाली प्रमुख जगह


उदयपुर में घूमने की जगह
Udaipur mein ghumne ki jagah


लेक पैलेस उदयपुर - Lake Palace Udaipur

लेक पैलेस उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। लेक पैलेस पिछोला झील के बीचो बीच बना हुआ है। यह पैलेस बहुत सुंदर है। इस पैलेस का निर्माण 1754 ईस्वी में महाराणा जगतसिंह द्वितीय ने करवाया था। इस पैलेस को 1950 में फाइव स्टार होटल में परिवर्तित कर दिया गया। तब से यह सुंदर महल एक होटल के रूप में काम कर रहा है। लेक पैलेस को जल महल भी कहा जाता है। लेक पैलेस तक पहुंचने के लिए आपको वोट या नाव से इस पैलेस तक आना पड़ता है। यह पैलेस बहुत सुंदर है। इस पैलेस में ठहरने वाले पर्यटक का राजस्थानी वेलकम किया जाता है। यहां पर पर्यटकों को रॉयल ट्रीटमेंट दिया जाता है, जिससे यहां पर रहने का एक्सपीरियंस एक लाइफटाइम एक्सपीरियंस रहता है।  यहां का खाना भी बहुत अच्छा है। यह वेज नॉन, वेज दोनों मिल जाता है और यहां से नजारा भी बहुत शानदार दिखाई देता है। अगर आपका बजट हो, तो आप यहां पर ठहर सकते हैं।


पिछोला झील उदयपुर - Pichola Lake Udaipur

पिछोला झील उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। पिछोला झील उदयपुर शहर के बीचो बीच स्थित है। पिछोला झील चारों तरफ से सुंदर पहाड़ियों से घिरी हुई है, जिससे इस झील की खूबसूरती और अधिक बढ़ जाती है। इस झील में आप वोट राइट का मजा ले सकते हैं। यहां पर शाम के समय सूर्यास्त का दृश्य बहुत ही शानदार रहता है। यहां पर आकर समय बिताने बहुत अच्छा लगता है। 


श्री मंशापूर्णा कर्णी माता मंदिर उदयपुर - Shri Manshapurna Karni Mata Mandir Udaipur

श्री मंशापूर्णा करणी माता का मंदिर उदयपुर शहर का एक प्रसिद्ध मंदिर है। यह मंदिर करणी माता को समर्पित है। यह मंदिर उदयपुर में एक ऊंची पहाड़ी पर बना हुआ है। इस मंदिर में पहुंचने के लिए सीढ़ियां और रोपवे की सुविधा उपलब्ध है। इस मंदिर के ऊपर से आपको उदयपुर शहर का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है।  करणी माता का मंदिर भी बहुत सुंदर है और मंदिर की दीवारों पर और खंभों पर सुंदर नक्काशी देखने के लिए मिलती है। यह पूरा मंदिर मार्बल से बना हुआ है। मंदिर के गर्भ गृह में करणी माता की आकर्षक प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। यह उदयपुर घूमने की जगह में सबसे सुंदर जगह है। यहां पर रात के समय उदयपुर शहर का दृश्य और भी अच्छा देखने के लिए मिलता है, क्योंकि रात के समय पूरा शहर लाइट से जगमगा जाता है, जिससे एक अलग ही नजारा देखने के लिए मिलता है। यहां पर सूर्योदय और सूर्यास्त का भी सुंदर दृश्य देखने के लिए मिल जाएगा। 


आहड़ संग्रहालय उदयपुर - Ahad Museum Udaipur

आहड़ संग्रहालय उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। आहड़ संग्रहालय में उदयपुर की सबसे प्राचीन गांव के अवशेष देखने के लिए मिलते है। इस संग्रहालय में उत्खनन से प्राप्त सामग्री, जैसे आज से लगभग 6000 वर्ष पुराने बर्तन, तांबे के औजार, अनेक लघु चित्र, मूर्तियां, तलवारे, बंदूके एवं अन्य हथियार प्रदर्शित किए गए हैं। यहां पर गांधीजी के बारे में भी बहुत सारी जानकारी मिलती है और उनकी बहुत सारी फोटो आपको यहां पर देखने के लिए मिल जाएगी। यहां पर प्राचीन मूर्तियां, खिलौने, मालाएं, पेंटिंग बहुत सारी चीजें आप यहां पर देख सकते हैं। अगर आपको इतिहास के बारे में जानने में उत्सुकता रहती है, तो आप इस संग्रहालय में घूमने के लिए आ सकते हैं। यह उदयपुर में देखने लायक जगह है। 


शाही छतरियां उदयपुर - shahi chhatariya udaipur

शाही छतरियां उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। शाही छतरियां उदयपुर में आहड़ संग्रहालय के पास में स्थित है। इस जगह को महा सत्या जी के नाम से भी जाना जाता है। यहां पर आपको बहुत सारी छतरियां देखने के लिए मिलती हैं, इनमें से कुछ छतरियां बड़ी हैं, तो कुछ छतरियां छोटी हैं। यह छतरियां शाही परिवार के  लोगों की समाधिया हैं। यहां पर महाराजा अमर सिंह प्रथम की छतरी भी देखने के लिए मिलती है, जिसकी नीव 1620 में रखी गई थी। महाराजा अमर सिंह की छतरी इस स्थल पर सबसे पुरानी है। 

यह छतरी वास्तु कला से कला, उत्कृष्ट खुदाई का अनुपम उदाहरण है। महाराणा अमर सिंह द्वितीय एवं महाराणा जगतसिंह की विशाल छतरी है। यहां पर महाराणा करण सिंह, महाराणा जगत सिंह, महाराणा भीमसिंह, महाराणा जवान सिंह, महाराणा स्वरूप सिंह, महाराणा शंभू सिंह एवं महाराणा सज्जन सिंह की छतरियां है। एक ही स्थल पर इन सभी छतरी का निर्माण राजपरिवार की सामाजिक रीति रिवाज एवं संस्कृति को दर्शाता है। छोटी-बड़ी छतरी मिलाकर 371 छतरियां है। यहां पर एक कुंड भी देखने के लिए मिलता है, जो बहुत सुंदर है। 


सहेलियों की बाड़ी उद्यान उदयपुर - saheliyon ki badi udyan udaipur

सहेलियों की बाड़ी उद्यान उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। सहेलियों की बाड़ी एक भव्य बगीचा है। इस बगीचे का निर्माण महाराणा संग्राम सिंह द्वितीय ने सन 1710 से 1734 के बीच किया था। बगीचे का निर्माण राज परिवार की महिलाओं के लिए मनोरंजन हेतु करवाया गया था। इसी वजह से इसका नाम सहेलियों की बाड़ी रखा गया। यह देश के सबसे सुंदर बगीचे में से एक है। 

सहेलियों की बाड़ी उद्यान बहुत सुंदर है। यहां पर आपको बहुत सारे फव्वारे देखने के लिए मिलते हैं। फूलों के बहुत सारे प्रकार देखने के लिए मिलते हैं। यहां पर सुंदर छतरियां देखने के लिए मिलती हैं। यहां पर आपको एक तालाब देखने के लिए मिलता है, जिसमें कमल के फूल खिले हुए हैं। इस तालाब के किनारे हाथियों की सुंदर मूर्तियां बनी हुई है और फव्वारा देखने के लिए मिलता है, जो बहुत ही सुंदर लगता है। यहां पर आप आकर बहुत अच्छा समय बिता सकते हैं। 

सहेलियों की बाड़ी उद्यान के खुलने का समय 8:00 बजे से शाम के 8:00 बजे तक है। यहां पर भारतीय व्यक्तियों का 20 रूपए प्रवेश शुल्क लिया जाता है और विदेशी नागरिक का 100 रूपए प्रवेश शुल्क लिया जाता है। आप यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। 


वैक्स म्यूजियम उदयपुर - Wax Museum Udaipur

वैक्स म्यूजियम उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। यहां पर आपको बहुत सारे महान लोगों के मोम के बने हुए स्टेचू देखने के लिए मिलते हैं। यहां पर आपको महाराणा प्रताप, गांधीजी, मिस्टर बीन, अब्दुल कलाम जी, माइकल जैकसन, कल्पना चावला, नरेंद्र मोदी जी, स्पाइडर मैन और भी बहुत सारे लोगों का स्टेचू देखने के लिए मिलता है।  यहां पर आपको मिरर हाउस, 3D वॉल पेंटिंग, और हॉरर हाउस भी देखने के लिए मिलता है। यहां पर आप आकर एंजॉय कर सकते हैं। 


श्री नीमच माता मंदिर उदयपुर - Shri Neemuch Mata Mandir Udaipur

श्री नीमच माता मंदिर उदयपुर शहर का एक प्रमुख मंदिर है। यह एक धार्मिक स्थल है। यह मंदिर फतेह सागर लेक के पास एक ऊंची पहाड़ी पर स्थित है। इस मंदिर तक जाने का रास्ता सीढ़ियों का है। यहां पर आप सीढ़ियों से आराम से मंदिर तक पहुंच सकते हैं। मंदिर से चारों तरफ का बहुत सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। यहां पर फतेहसागर झील का दृश्य बहुत ही मनोरम रहता है। यह मंदिर नीमच माता को समर्पित है। नीमच माता यहां के शाही घराने की देवी थी। यहां पर गणेश जी की मूर्ति भी देखने के लिए मिलती है। यहां पर आकर बहुत अच्छा लगता है। आप यहां पर सूर्योदय और सूर्यास्त के समय घूमने के लिए आ सकते हैं। यहां पर सूर्योदय और सूर्यास्त का सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। 


जयसमंद झील उदयपुर - Jaisamand Lake Udaipur

जयसमंद झील उदयपुर शहर का एक पर्यटन स्थल है। यह झील चारों तरफ से पहाड़ियों से घिरी हुई है। इस झील का निर्माण उदयपुर के राजा जयसिंह ने करवाया था। इस झील का निर्माण 1680 में करवाया गया था। इस झील को ढेबर झील के नाम से भी जाना जाता है। इस झील में बहुत सारे आइलैंड बने हुए हैं। यहां पर आकर बहुत अच्छा लगता है। यह झील भारत की दूसरी सबसे बड़ी झीलों में से एक है। 

यहां पर आपको सुंदर नजारा देखने के लिए मिलता है। यह झील बहुत बड़ी क्षेत्र में फैली हुई है। यहां पर आप बोटिंग भी कर सकते हैं। यहां पर गार्डन बना हुआ है और यहां पर आपको मंदिर भी देखने के लिए मिलता है, जिसे नर्वदेश्वर मंदिर के नाम से जाना जाता है। झील के किनारे हाथियों की सुंदर मूर्तियां देखने के लिए मिलती है। 


श्री एकलिंग जी प्रभु मंदिर उदयपुर - Shri Ekling Ji Prabhu Temple Udaipur

श्री एकलिंग जी मंदिर उदयपुर शहर का एक प्रमुख धार्मिक स्थल है। यह मंदिर प्राचीन है। यह मंदिर शिव भगवान जी को समर्पित है। इस मंदिर के गर्भ गृह में शिव भगवान जी का शिवलिंग देखने के लिए मिलता है। इस मंदिर का निर्माण मेवाड़ के राजाओं के द्वारा किया गया है। यह मंदिर उदयपुर से करीब 25 किलोमीटर दूर है। इस मंदिर में आप अपने वाहन से या पब्लिक ट्रांसपोर्ट से आराम से पहुंच सकते हैं। मंदिर की दीवारों में बहुत ही सुंदर नक्काशी देखने के लिए मिलती है। मंदिर के पास एक तालाब भी है, जो आप देख सकते हैं। यहां पर चारों तरफ का माहौल बहुत सुंदर रहता है। यहां पर आकर सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। 


गुलाब बाग और चिड़ियाघर उदयपुर - Gulab Bagh and Zoo Udaipur

गुलाब बाग उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। इस बाग को उदयपुर चिड़ियाघर के नाम से भी जाना जाता है। इस बाग में बहुत सारे जंगली जानवर भी देखने के लिए मिलते हैं। यह बाग बापू बाजार रोड में स्थित है। यह बाग 100 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है। यहां पर आपको विभिन्न प्रकार के पेड़ पौधे देखने के लिए मिलते हैं। गुलाब बाग में आप को बच्चों की रेलगाड़ी देखने के लिए मिलती है। इस रेलगाड़ी में बच्चे के अलावा बड़े लोग भी सवारी का मजा ले सकते हैं। इसमें बच्चों को बहुत मजा आता है। गुलाब उद्यान में विभिन्न प्रकार के गुलाब देखने के लिए मिलते हैं। यहां पर आपको अलग-अलग कलर के गुलाब देखने के लिए मिलते हैं, जो बहुत ही आकर्षक लगते हैं। यहां पर आपको गुलाबेश्वर महादेव मंदिर भी देखने के लिए मिलता है। आपको यहां पर जरूर घूमने के लिए आना चाहिए। 


नवलखा महल उदयपुर - Navlakha Mahal Udaipur

नवलखा महल गुलाब बाग के अंदर स्थित एक सुंदर महल है। इस महल को आर्य समाज मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। इस महल में महाराज दयानंद सरस्वती ने यात्रा की थी। यह  महल बहुत सुंदर है। यहां पर आपको बहुत सारी वस्तुओं का संग्रह देखने के लिए मिलता है, जो ज्ञानवर्धक है। आप यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। 


विंटेज एंड क्लासिकल कार संग्रहालय - Vintage & Classical Car Museum

विंटेज और क्लासिकल कार संग्रहालय उदयपुर का एक पर्यटन आकर्षण स्थल है। यहां पर आपको बहुत सारी पुरानी कारें देखने के लिए मिलती है और उन कारों के बारे में जानकारी भी मिल जाएगी। यहां पर कारों के अलावा और भी बहुत सारे यातायात के साधन देखने के लिए मिलते हैं, जो पुराने समय में उपयोग किए जाते थे। यहां पर आपको बग्गी भी देखने के लिए मिलेगी। यहां पर प्रवेश के लिए शुल्क लगता है। यहां का प्रवेश शुल्क थोड़ा ज्यादा है। अगर आप पुरानी कारों में  इंटरेस्टेड है, तो आप यहां पर आकर घूम सकते हैं। 


सिटी पैलेस उदयपुर - City Palace Udaipur

सिटी पैलेस उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह एक सुंदर महल है। इस महल में आपको महल एवं म्यूजियम दोनों ही देखने के लिए मिलते हैं। म्यूजियम में विभिन्न तरह की वस्तुओं का सुंदर संग्रह देखने के लिए मिलता है और महल बहुत सुंदर है। महल में आपको शीश महल देखने के लिए मिलेगा, जहां पर रंगीन कांच से इस महल को बहुत ही सुंदर तरीके से सजाया गया है। आपको अगर इस महल की अधिक जानकारी चाहिए, तो आप यहां पर गाइड कर सकते हैं, जो आपको इस जगह के बारे में जानकारी दे सकता है। 

सिटी पैलेस से आपको पिछोला झील का सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। आप यहां पर दो-तीन घंटे आराम से बिता सकते हैं। इस महल में प्रवेश शुल्क लिया जाता है। यहां पर 300 रूपए का प्रवेश शुल्क है। अगर आप स्टूडेंट हैं, तो आपका 100 रूपए लगेगा। आप यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। सिटी पैलेस उदयपुर में देखने लायक जगह है। 


बागोर की हवेली उदयपुर - Bagore Ki Haveli Udaipur

बागोर की हवेली उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। बागोर की हवेली पिछोला झील के गणगौर घाट के पास स्थित है। बागोर की हवेली को अब एक संग्रहालय में बदल दिया गया है और यहां पर बहुत सारी प्राचीन वस्तुओं का संग्रह देखने के लिए मिलता है। यह एक प्राचीन स्मारक है। इस स्मारक का निर्माण 18 वीं सदी में मेवाड़ के प्रधान मंत्री अमरचंद बादवा ने करवाया था। इस म्यूजियम में आपको बहुत सारी वस्तुओं का संग्रह देखने के लिए मिलता है। यहां पर राजस्थान के प्रसिद्ध राजाओं के बारे में भी जानकारी दी गई है और उनकी मूर्तियां आपको यहां पर देखने के लिए मिलती हैं। यहां पर आपको राजा रानी से संबंधित बहुत सारी वस्तुएं देखने के लिए मिलती है। प्राचीन हथियार, पुराने कपड़े, पगड़िया, लकड़ी से बना शतरंज, पेंटिंग्स, कपड़े, हुक्का, देखने के लिए मिलती है। यहां पर खिलौने देखने के लिए मिलते हैं। कठपुतलियां देखने के लिए मिलती हैं। 

बागोर की हवेली में आपको राजस्थानी नृत्य और संगीत का आनंद लेने के लिए मिलता है, जो बहुत अच्छा रहता है और आपको यह पसंद आएगा। राजस्थानी नृत्य शाम के समय 7:00 से 8:00 के बीच होता है। यहां पर रात के समय बागोर की हवेली लाइट से जगमगाती है। यहां पर एंट्री के लिए प्रवेश शुल्क लिया जाता है, जो बहुत कम रहता है। आप यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। यह उदयपुर में घूमने लायक जगह है। 


गणगौर घाट उदयपुर - Gangaur Ghat Udaipur

गंगौर घाट उदयपुर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह एक सुंदर घाट है। इस घाट में आप घूमने के लिए आ सकते हैं। यहां पर पिछोला झील का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। यहां पर बहुत सारी दुकानें लगती हैं, जहां से आप सामान लेना चाहे, तो ले सकते हैं। यहां पर कबूतर भी देखने के लिए मिलते हैं। आप इन्हें दाना डाल सकते हैं। यहां पर प्री वेडिंग शूट किया जा सकता है। यहां पर प्राचीन महल के संरचना देखने के लिए मिलती है, जो बहुत ही आकर्षक लगती है। यह उदयपुर में घूमने वाली एक मुख्य जगह है। 


अंबराई घाट उदयपुर - Ambrai Ghat Udaipur

अंबराई घाट उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। यह एक सुंदर घाट है। यह घाट पिछोला झील के किनारे स्थित है। अमराई घाट से पिछोला लेक का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। यहां पर अंबराई रेस्टोरेंट भी है, जहां से आपको खाने के लिए बहुत सारी चीजें मिल जाएगी। अंबराई घाट से सिटी पैलेस का बहुत सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। आप यहां पर आ सकते हैं और घूम सकते हैं। यहां पर रात के समय भी बहुत सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। 


दूध तलाई झील उदयपुर - Doodh Talai Lake Udaipur

दूध तलाई झील उदयपुर का एक सुंदर स्थल है। यह एक छोटी सी झील है। यह झील पिछोला झील के पास ही में स्थित है। यहां पर चारों तरफ गार्डन बने हुए हैं और झील के किनारे सुंदर स्मारक देखने के लिए मिलते हैं, जो बहुत ही सुंदर लगते हैं। यह झील उदयपुर में बीचो-बीच बनी हुई है। आप यहां पर आराम से घूमने के लिए आ सकते हैं। 


श्री पद्मनाभ स्वामी जैन तीर्थ उदयपुर - Shri Padmanabha Swami Jain Tirtha Udaipur

श्री पद्मनाभ स्वामी जैन मंदिर उदयपुर का एक धार्मिक स्थल है। यह जैन धार्मिक स्थल है। यहां पर पद्मनाभ भगवान की 6 फीट ऊंची प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। यह प्रतिमा सफेद संगमरमर से बनी हुई है। यह पूरी प्रतिमा एक ही पत्थर से बनी हुई है। यह प्रतिमा बहुत सुंदर लगती है। इस मंदिर में रहने के लिए रूम मिल जाते हैं। यहां पर जैन लोग ही ठहर सकते हैं। यहां पर भोजशाला भी उपलब्ध है, जहां पर अच्छा भोजन मिलता है। आप इस मंदिर में घूमने के लिए आ सकते हैं। 


श्री जगदीश मंदिर उदयपुर - Shree Jagdish Mandir Udaipur

श्री जगदीश मंदिर उदयपुर शहर का एक प्रमुख धार्मिक स्थल है। यह मंदिर उदयपुर शहर के बीचो बीच में स्थित है। यह मंदिर बहुत विशाल एवं कलात्मक मंदिर है। इस मंदिर का निर्माण उदयपुर के महाराणा जगतसिंह प्रथम ने वर्ष 1652 ईसवी में करवाया था। यह मंदिर नागर शैली में बना हुआ है। इस मंदिर में आपको शिखर, गर्भ गृह तथा सभा मंडप देखने के लिए मिलता है। मंदिर के गर्भ गृह में श्री कृष्ण जी की आकर्षक प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। इस मंदिर की दीवारों में बहुत ही सुंदर नक्काशी देखने के लिए मिलती है। इस मंदिर के चारों कोने पर सूर्य देव, शिव जी, गणेश जी के छोटे मंदिर बने हुए हैं। आप इस मंदिर में घूमने के लिए आ सकते हैं। आप उदयपुर आते हैं, तो इस मंदिर में जरूर घूमने के लिए आए। यह कला का एक अद्भुत नमूना है। 


वीर भवन संग्रहालय उदयपुर - Veer Bhawan Museum Udaipur

वीर भवन संग्रहालय उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। इस संग्रहालय में आपको बहुत सारी प्राचीन वस्तुएं एवं घटनाएं देखने के लिए मिलती है। इस संग्रहालय में आपको मेवाड़ इतिहास पर 22 बड़े चित्र देखने के लिए मिलते हैं। चित्तौड़गढ़ के विहगम दृश्य का मॉडल देखने के लिए मिलता है। हल्दीघाटी युद्ध भूमि का मॉडल देखने के लिए मिलता है। कुंभलगढ़ मॉडल देखने के लिए मिलता है। हल्दीघाटी युद्ध के वीरों के चित्र देखने के लिए मिलते हैं। यह सभी चीजें बहुत ही ज्ञानवर्धक है। यहां पर हल्दीघाटी की पवित्र मिटटी देखने के लिए मिलती है। यहां पर विभिन्न तरह के हथियार देखने के लिए मिलते हैं। आपको यहां पर आकर और यहां पर जो भी जानकारी है। वह हासिल करके बहुत ही अच्छा लगेगा। यह उदयपुर में घूमने के स्थलों में से एक है। 


सज्जनगढ़ जैविक उद्यान उदयपुर - Sajjangarh Biological Park Udaipur

सज्जनगढ़ जैविक उद्यान उदयपुर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। सज्जन गढ़ जैविक उद्यान में बहुत सारे जंगली जानवर देखने के लिए मिलते हैं। यहां पर लंगूर, मकाउ, काला हिरण, चिंकारा, सांभर, चौसिंगा, चीतल, भालू, हिमालयन काला भालू, बाघ, अफ्रीकन शेर, एशियाई शेर, तेंदुआ, लकड़बग्घा, लोमड़ी, कछुए, मगरमच्छ, घड़ियाल, जंगली बिल्ली। यह सभी जानवर यहां पर देखने के लिए मिलते हैं। 

सज्जनगढ़ जैविक पार्क में प्रवेश के लिए टिकट लगता है। यहां पर भारतीय व्यक्ति का 60 रूपए लगता है और विदेशी व्यक्तियों का 300 रूपए लगता है। यहां पर गाड़ियों का भी अलग-अलग शुल्क लिया जाता है। दोपहिया वाहन का 30 रूपए  और चार पहिया वाहन का 200 रूपए लगता है। यहां पर आपको पार्किंग स्थल मिल जाता है। कैफिटेरिया मिल जाता है और यहां पर एक शॉप भी है, जहां से आप अपने घर ले जाने के लिए कोई भी सामान ले सकते हैं। 


सज्जनगढ़ पैलेस उदयपुर - Sajjangarh Palace Udaipur

सज्जनगढ़ पैलेस उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। सज्जनगढ़ पैलेस को मानसून पैलेस के नाम से भी जाना जाता है। सज्जनगढ़ पैलेस सज्जनगढ़ वन्य जीव अभ्यारण के अंदर स्थित है। सज्जनगढ़ पैलेस एक ऊंचे पहाड़ी पर स्थित है। इस पहाड़ी तक जाने के लिए घुमावदार रास्ता है। सज्जनगढ़ पैलेस से आपको उदयपुर शहर का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। सज्जनगढ़ पैलेस का नाम मेवाड़ के महाराणा सज्जन सिंह के नाम पर रखा गया है, जिन्होंने इस महल के निर्माण का कार्य प्रारंभ किया कराया था। सज्जनगढ़ पैलेस एक बहुमंजिला इमारत है।  

सज्जनगढ़ पैलेस को मानसून पैलेस भी कहा जाता है। यहां पर रेस्टोरेंट भी है, जहां पर अनेक प्रकार की खाने की चीजें मिल जाती हैं। सज्जनगढ़ पैलेस उदयपुर से 5 किलोमीटर दूरी पर अरावली पहाड़ियों की चोटी पर स्थित है। सज्जनगढ़ पैलेस के निर्माण के समय महाराणा सज्जन सिंह की 25 साल की आयु में मृत्यु हो गई थी। उनकी मृत्यु के बाद इस महल का निर्माण महाराणा फतेह सिंह ने करवाया था। इस महल से बादलों, पहाड़ियों का बहुत अच्छा दृश्य देखने के लिए मिलता है। इसलिए इसे मानसून पैलेस भी कहा जाता है। आप उदयगढ़ आते हैं, तो आप इस महल में भी घूमने के लिए आ सकते हैं।


फतेहपुर झील उदयपुर - Fatehpur Lake Udaipur

फतेहपुर झील उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन आकर्षण स्थल है। फतेहपुर झील उदयपुर शहर का दूसरी सबसे बड़ी मानव निर्मित झील है। यह झील बहुत सुंदर है। इस झील के किनारे अरावली पर्वत श्रेणियां देखने के लिए मिलती है। फतेहपुर झील में आप वोट राइट का भी मजा ले सकते हैं।  फतेहपुर झील के किनारे बहुत सारे दर्शनीय स्थल देखने के लिए हम मिलते हैं। झील का नजारा बहुत सुंदर रहता है। आप यहां पर बहुत अच्छा समय बिता सकते हैं। इस झील का नाम महाराणा फतेह सिंह के नाम पर रखा गया है। महाराणा फतेह सिंह ने झील का निर्माण 1889 में किया था। यह उदयपुर में घूमने वाली सबसे अच्छी जगह में से एक है। 


महाराणा प्रताप स्मारक उदयपुर - Maharana Pratap Memorial Udaipur

महाराणा प्रताप स्मारक उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह मुख्य रूप से एक म्यूजियम है। यह म्यूजियम महाराणा प्रताप को याद करने के लिए बनाया गया है। इस म्यूजियम में आपको राजपूत के इतिहास के बारे में जानकारी मिलती है। यहां पर आपको बहुत सारी पेंटिंग देखने के लिए मिलती है। यहां पर आपको रानी पद्मिनी की पेंटिंग देखने के लिए मूर्ति है, जो बहुत सुंदर लगती है। यहां पर महाराणा प्रताप के बारे में बहुत सारी जानकारी प्राप्त होती है। इस म्यूजियम में महाराणा प्रताप की प्रतिमा देखने के लिए मिलती है।  इस प्रतिमा में महाराणा प्रताप अपने घोड़े चेतक के साथ देखने के लिए मिलते हैं। उनके हाथ में भाला है। यह प्रतिमा एक ऊंचे चबूतरे में बनी है। इस चबूतरे के एक तरफ हल्दीघाटी के युद्ध और दूसरी तरफ महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक की मृत्यु के  क्षणों के बारे का चित्रण किया गया है, जो बहुत ही अच्छा लगता है। यहां से फतेहसागर का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। यह म्यूजियम मोती मगरी पहाड़ी पर स्थित है। यह उदयपुर में घूमने लायक जगह है। 


नेहरू पार्क उदयपुर - Nehru Park Udaipur

नेहरू पार्क उदयपुर शहर का एक मुख्य पर्यटन स्थल है। नेहरू पार्क फतेह सागर लेक के बीच में स्थित है। यह पार्क रात के समय बहुत ही सुंदर लगता है, क्योंकि यह लाइट से जगमगा  जाता है। इस पार्क में आप बोट के द्वारा पहुंच सकते हैं। यहां पर चारों तरफ हरियाली है और शाम के समय यहां पर बहुत ही सुंदर नजारा देखने के लिए मिलता है। आप यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। 


अंडर द सन एक्वेरियम उदयपुर - Under the Sun Aquarium Udaipur

अंडर द सन एक्वेरियम उदयपुर शहर का एक पर्यटन स्थल है। यह एक्वेरियम उदयपुर शहर में फतेहपुर झील के पास में स्थित है। इस एक्वेरियम में आपको विभिन्न प्रकार की मछलियां देखने के लिए मिल जाती हैं। इस एक्वेरियम में बड़ी तादाद में मछलियों को रखा गया है। यहां पर विभिन्न तरह के गेम भी खेलने के लिए मिलते हैं, जो बहुत मजेदार रहते हैं। यहां पर एक छोटा सा फूड जोन भी है, जहां से आप खाना खा सकते हैं। यहां पर आकर अच्छा लगता है। यह उदयपुर में घूमने लायक जगह है। 


गोल्डन पार्क उदयपुर - Golden Park Udaipur

गोल्डन पार्क उदयपुर में घूमने की अच्छी जगह है। गोल्डन पार्क उदयपुर में पिछोला झील के पास ही में स्थित है। इस पार्क को बहुत अच्छे से डिजाइन किया गया है। इस पार्क में डायनासोर के स्टेचू देखने के लिए मिलते हैं। यहां पर डायनासोर के अंडे भी देखने के लिए मिलते हैं। यह छोटे बच्चों को घुमाने के लिए बहुत अच्छी जगह है। इस पार्क से पिछोला झील का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। यह पार्क  प्रताप पार्क के पास ही में स्थित है। आप उदयपुर आते हैं, तो यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। 


जग मंदिर उदयपुर - Jag Mandir Udaipur

जग मंदिर उदयपुर में स्थित एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। जगमंदिर एक सुंदर महल है। जग मंदिर पिछोला झील में एक टापू पर बना हुआ है। इस महल का निर्माण में मेवाड़ साम्राज्य के सिसोदिया राजपूतों ने किया था। जग मंदिर को जगत मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। इस महल का निर्माण महाराणा जगतसिंह ने करवाया था। इसलिए उन्हें सम्मान देने के लिए, इसे जग मंदिर या जगत मंदिर के नाम से जाना जाता है। इस महल में आप बोट के द्वारा पहुंच सकते हैं। इस महल को शरण स्थली के रूप में भी प्रयोग किया गया है। इस महल का प्रयोग शाही परिवार के लोग उत्सव एवं जश्न मनाने के लिए किया करते थे। यह महल बहुत ही सुंदर लगता है और आप यहां पर आ सकते हैं। जग मंदिर महल में आपको गुल महल भी देखने के लिए मिलता है। आप उदयपुर घूमने के लिए आते हैं, तो आपको यहां पर जरूर आना चाहिए। इस महल से पिछोला झील का बहुत ही सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। 


सास बहु मंदिर उदयपुर - Saas Bahu Mandir Udaipur

सास बहु मंदिर उदयपुर शहर में स्थित एक प्राचीन पर्यटन स्थल है। यहां पर आपको प्राचीन मंदिर देखने के लिए मिलते हैं। इन मंदिरों को सहस्त्रबाहु मंदिरों के नाम से भी जाना जाता है। यह मंदिर मुख्य रूप से शिव भगवान जी और विष्णु भगवान जी को समर्पित है। इन मंदिरों की दीवारों पर सुंदर कारीगरी देखने के लिए मिलती है। यह मंदिर उदयपुर से 25 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यह मंदिर बांग्ला झील के पास में स्थित है। आप इस मंदिरों में घूमने के लिए आ सकते हैं। यहां पर आपको कुंड देखने के लिए मिलते हैं, जो प्राचीन है। यहां पर आकर बहुत अच्छा लगता है। इन मंदिरों की दीवारों पर कामुक मूर्तियां भी बनी हुई है। 

सास बहु मंदिरों का निर्माण 11 वीं शताब्दी में करवाया गया था। यह मंदिर एक ऊंचे चबूतरे पर बनाए गए हैं। पंचायतन शैली में निर्मित यह मंदिर सुंदर लगते हैं। यहां पर स्थित प्रत्येक मंदिर पर गर्भ ग्रह, अंतराल, रंग मंडप, सभा मंडप, महामंडप देखने के लिए मिलता है। अगर आप एक लिंगी मंदिर घूमने के लिए आते हैं, तो आप यहां पर भी आकर घूम सकते हैं। 


पुरोहितों का तालाब उदयपुर - Purohito ka talab udaipur

पुरोहितों का तालाब उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यहां पर आपको एक छोटा सा तालाब देखने के लिए मिलता है। यह तालाब तीन तरफ से पहाड़ियों से घिरा हुआ है। यह बहुत ही सुंदर लगता है। यहां पर बरसात के समय हरियाली देखने के लिए मिलती है। उदयपुर से यह तालाब 12 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। आप यहां पर घूमने के लिए आ सकते हैं। यहां पर आकर आप बैठ सकते हैं और तालाब के सुंदर दृश्य को देख सकते हैं। यहां पर सीढ़ियां बनी हुई है। यहां पर हाथियों की बहुत सुंदर मूर्तियां देखने के लिए मिलती है। 


मेवाड़ जैव विविधता पार्क उदयपुर - Mewar Biodiversity Park Udaipur

मेवाड़ बायोडायवर्सिटी पार्क उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह पार्क चिड़ावा टनल के पास में स्थित है। इस पार्क में आपको विभिन्न तरह के पेड़ पौधे देखने के लिए मिल जाते हैं। यहां पर एडवेंचर गतिविधियां भी आप कर सकते हैं। यहां पर जिपलाइन उपलब्ध है। यहां पर एक छोटा सा पार्क भी है, जहां पर ढेर सारे झूले लगे हुए हैं, जो बच्चों को बहुत पसंद आएंगे। इस पार्क में आपको प्रदर्शनी बोर्ड देखने के लिए मिलता है, जहां पर आपको पेड़ पौधों के बारे में बहुत सारी जानकारी मिलती है। यहां पर पाइनवुड मचान देखने के लिए मिलती है। आप यहां पर आकर बहुत अच्छा समय बिता सकते हैं। यहां पर प्राचीन बावड़ी भी देखने के लिए मिलती है। 


श्री अमरख महादेव जी मंदिर उदयपुर - Shri Amarakh Mahadev Ji Temple Udaipur

श्री अमरख महादेव मंदिर उदयपुर का एक प्रमुख धार्मिक स्थल है। यह मंदिर शिव भगवान जी को समर्पित है। इस मंदिर के गर्भ गृह में चतुर्मुखी शिव प्रतिमा विराजमान है। यह मंदिर 12 वीं शताब्दी मैं बनाया गया था। यह मंदिर बहुत सुंदर लगता है। यह मंदिर पंचायतन शैली में निर्मित किया गया है। मंदिर के पास एक छोटा सा जलाशय भी देखने के लिए मिलता है, जिसमें मछलियां और कछुए हैं। 

अमरख महादेव मंदिर के चारों तरफ पहाड़ियों का सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। यहां पर पार्किंग की व्यवस्था उपलब्ध है। मंदिर के बाहर नंदी भगवान की प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। यह उदयपुर में स्थित एक प्राचीन मंदिर है। आप यहां पर बरसात के मौसम में आएंगे, तो आपको यहां पर बहुत अच्छा लगेगा। 


श्रीनाथजी मंदिर उदयपुर - Shrinathji Temple Udaipur

श्रीनाथजी मंदिर उदयपुर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह एक धार्मिक स्थल है। यह मंदिर श्री कृष्ण जी को समर्पित है। इस मंदिर में श्री कृष्ण जी की बहुत ही सुंदर प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। यहां पर राधा जी और श्री कृष्ण की प्रतिमा विराजमान है। इस मंदिर में कृष्ण जी की बहुत सारी मूर्तियों के दर्शन करने के लिए मिलते हैं। यह मंदिर उदयपुर के नाथद्वार में स्थित है। नाथद्वार एक छोटा सा गांव है। आप यहां पर अपने वाहन से या पब्लिक ट्रांसपोर्ट से पहुंच सकते हैं। मंदिर के आस पास बहुत सारी दुकानें हैं, जहां पर आप सामान ले सकते हैं। यहां पर खाने-पीने की भी बहुत सारी दुकानें हैं।  


शिव भगवान जी की मूर्ति नाथद्वारा उदयपुर - Statue of lord shiva nathdwara udaipur

नाथद्वारा पर आपको विशाल शिव भगवान जी की मूर्ति देखने के लिए मिलती है। यहां पर शिव भगवान जी की करीब 350 फीट ऊंची प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। यह प्रतिमा हाईवे रोड से भी देखने के लिए मिल जाती है। यहां पर नंदी भगवान  की भी मूर्ति देखने के लिए मिलती है। यहां पर सुंदर गार्डन भी बना हुआ है। 


महाराणा प्रताप संग्रहालय हल्दीघाटी उदयपुर - Maharana Pratap Museum Haldighati Udaipur

महाराणा प्रताप संग्रहालय उदयपुर का एक मुख्य स्थल है। इस संग्रहालय में आकर आपको महाराणा प्रताप की बहादुरी और उनके बलिदानों के बारे में पता चलता है। इस संग्रहालय में  इतिहास के बारे में आप जान सकते हैं। यहां पर बहुत सारे स्टेचू दिखाए गए हैं। स्टेचू के माध्यम से प्राचीन घटनाओं को लोगों के सामने दर्शाया गया है। इस संग्रहालय में हल्दीघाटी के युद्ध के बारे में जानकारी मिलती है। यहां पर महाराणा प्रताप की जिंदगी के बारे में बहुत सारे रोचक पहलुओं के बारे में भी पता चलता है। यहां पर विभिन्न प्राचीन पद्धतियों के बारे में भी बताया गया है, जो प्राचीन समय में उपयोग की जाती थी। इस संग्रहालय में आकर आपको बहुत सारी ज्ञानवर्धक बातें पता चलती है। आप उदयपुर आते हैं, तो आपको यहां पर जरूर घूमने के लिए आना चाहिए। 


चेतक समाधि उदयपुर - Chetak Samadhi Udaipur

चेतक समाधि उदयपुर के हल्दीघाटी में स्थित एक प्रमुख स्थल है। चेतक महाराणा प्रताप जी का घोड़ा था। चेतक एक बहादुर जीव था। चेतक एक पाव से घायल हो जाने के बाद भी अपने स्वामी महाराणा प्रताप को संकट की स्थिति में देखकर, हल्दीघाटी के इस पार सुरक्षित ले आया। अपने प्राणों की बाजी लगाकर अंतिल नाले को लांघते हुए चेतक लड़खड़ा कर गिर पड़ा और उसके प्राण पखेरू उड़ गए। 

चेतक समाधि स्थल को चेतक स्मारक के नाम से भी जाना जाता है। चेतक समाधि स्थल पर आपको एक चबूतरा देखने के लिए मिलता है, जो चेतक की याद में बनाया गया है और यहां पर सुंदर बगीचा भी बनाया गया है। यह जगह बच्चों को बहुत पसंद आएगी। 


रणमुक्तेश्वर महादेव मंदिर और प्रताप गुफा - Ranmukteshwar Mahadev Temple and Pratap Cave

रणमुक्तेश्वर महादेव मंदिर और प्रताप गुफा एक धार्मिक और ऐतिहासिक स्थल है। यह उदयपुर में हल्दीघाटी में स्थित है। यहां पर आपको प्राकृतिक गुफा देखने के लिए मिलती है। इस गुफा का संबंध महाराणा प्रताप से है। यहां पर मंदिर भी है, जहां पर माता की सुंदर प्रतिमा देखने के लिए मिलती है। यहां पर आप घूमने के लिए आ सकते हैं। 


हल्दीघाटी उदयपुर - Haldighati Udaipur

हल्दीघाटी उदयपुर का एक प्रमुख स्थल है। हल्दीघाटी में महान युद्ध लड़ा गया था। हल्दीघाटी का युद्ध भारत के महत्वपूर्ण युद्ध में से एक है। यह  युद्ध मेवाड़ के महाराणा प्रताप एवं अकबर की मुगल सेना के बीच लड़ा गया था। यह युद्ध 18 जून 1576 को लड़ा गया था। इस घाटी की मिट्टी का प्राकृतिक रंग हल्दी जैसा होने के कारण, इसे हल्दीघाटी के नाम से जाना जाता है। हल्दीघाटी की मिट्टी में हजारों वीर सैनिकों का रक्त बहा है। यहां पर बहुत सारे दर्शनीय स्थल देखने लायक है। 


झामेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर - Jhameshwar Mahadev Temple Udaipur

झामेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर का एक धार्मिक स्थल है। यह मंदिर शिव भगवान जी को समर्पित है। इस जगह पर आपको प्राकृतिक सुंदरता देखने के लिए मिलती है। झामेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर से करीब 25 किलोमीटर दूर है। यहां पर आपको एक गुफा देखने के लिए मिलती है। एक तालाब देखने के लिए मिलता है और यहां पर चारों तरफ हरियाली देखने के लिए मिलती है। यहां पर आकर शांति मिलती है। यहां पर बहुत सारे बंदर भी है आप यहां पर आकर बहुत अच्छा समय बिता सकते हैं। यहां पर शिव भगवान जी का शिवलिंग देखने के लिए मिलता है, जो करीब 600 साल पुराना है। यह जगह बहुत खूबसूरत है। यहां पर आपको प्राकृतिक जलप्रपात देखने के लिए मिलते हैं, जो बहुत सुंदर है। आप उदयपुर घूमने के लिए आते हैं, तो यहां पर भी आ सकते हैं। 


उबेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर - Ubeshwar Mahadev Temple Udaipur

उबेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर का एक प्रमुख धार्मिक स्थल है। यह मंदिर शिव जी को समर्पित है। इस मंदिर में शिव भगवान जी की बहुत ही सुंदर शिवलिंग देखने के लिए मिलता है। मंदिर का गर्भग्रह बहुत ही सुंदर कांच से सजा हुआ है, जो बहुत आकर्षक लगता है। इस मंदिर के अंदर ही एक छोटा सा तालाब है, जिसमें मछलियां और कछुए देखने के लिए मिलते हैं। यहां तालाब में गुलाबी कलर की मछलियां देखने के लिए मिलती हैं, जो बहुत सुंदर लगते हैं। यह उदयपुर शहर का एक मुख्य पिकनिक स्थल है। यहां पर आकर शांति मिलती है। यहां पर चारों तरफ पहाड़ियां देखने के लिए मिलती है। यहां पर बरसात के समय आप आएंगे, तो आपको ज्यादा अच्छा व्यू देखने के लिए मिलेगा। 


कालेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर - Kaleshwar Mahadev Temple Udaipur

कालेश्वर महादेव मंदिर उदयपुर शहर का एक धार्मिक स्थल है। यह एक प्राकृतिक स्थल भी है। यहां पर चारों तरफ प्राकृतिक दृश्य देखने के लिए मिलता है। यहां पर एक जलप्रपात भी देखने के लिए मिलता है। यह जलप्रपात छोटा है। मगर बहुत सुंदर लगता है। यहां पर शंकर भगवान जी का मंदिर भी बना हुआ है। गर्भ गृह में शंकर जी का शिवलिंग विराजमान है। यहां पर आकर बहुत अच्छा लगता है। शांति मिलती है। चारों तरफ यहां पर हरियाली है। यहां पर आकर आप बहुत अच्छा समय बिता सकते हैं। 


नंदेश्वर मंदिर एवं बांध उदयपुर - Nandeshwar Temple and Dam Udaipur

नंदेश्वर मंदिर एवं बांध उदयपुर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यहां पर आपको मंदिर देखने के लिए मिलता है। यह मंदिर से भगवान शिव जी को समर्पित है। मंदिर के पास में ही एक डैम बना हुआ है, जो बहुत सुंदर है और चारों तरफ से पहाड़ियों से घिरा हुआ है। मंदिर में आपको एक छोटा सा कुंड देखने के लिए मिलता है। इस कुंड में रंग बिरंगी मछलियां देखने के लिए मिलती हैं, जो बहुत ही सुंदर लगती हैं। आप बरसात के समय यहां घूमने के लिए आ सकते हैं। बरसात के समय इस जगह का नजारा बहुत सुंदर रहता है। डैम भी ओवरफ्लो होकर बहता है, जो बहुत अच्छा लगता है। 


श्री शक्ति पीठ ईडाणा माता मंदिर उदयपुर - Shri Shakti Peeth Edana Mata Temple Udaipur

श्री ईडाणा माता मंदिर उदयपुर का एक प्रसिद्ध मंदिर है। यह एक धार्मिक स्थल है। ईडाणा माता मेवाड़ राज्य की देवी है। यहां पर बहुत सारे लोग माता के दर्शन करने के लिए आते हैं। यहां पर आकर लोगों की इच्छाएं पूरी होती है। इसलिए लोग यहां पर माता के दर्शन करने के लिए आते हैं। 

ईडाणा माता मंदिर एक और कारण से प्रसिद्ध है। इस मंदिर में अग्नि स्नान देखने के लिए मिलता है। अग्नि स्नान में माता की मूर्ति और यह मंदिर पूरी तरह से अग्नि से जलता है। यह अग्नि एक निर्धारित क्षेत्र में ही जलती है और इसके बाद माता की मूर्ति जैसी रहती है, वैसी ही बाद में भी देखने के लिए मिलती है। यह एक आश्चर्यजनक घटना है और यह घटना सभी को देखने के लिए नहीं मिलती है। 


शिल्पग्राम उदयपुर - Shilpgram Udaipur

शिल्पग्राम उदयपुर शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल है। यह एक संग्रहालय है। यहां पर आपको बहुत सारी वस्तुओं का संग्रह देखने के लिए मिल जाता है। यहां पर बहुत सारी शॉप भी हैं, जहां से आप कलाकृतियों को खरीद सकते हैं। यहां पर आपको राजस्थानी नृत्य भी देखने के लिए मिल जाता है। यहां पर आपको मिट्टी के बने बहुत सारे सामान देखने के लिए मिलते हैं। मिट्टी के बने हुए घर देखने के लिए मिलते हैं। पेंटिंग्स देखने के लिए मिलती हैं। कठपुतलियां देखने के लिए मिलती है और भी घर को सजाने के लिए बहुत सारे सामान यहां पर आपको मिल जाते हैं। 

शिल्पग्राम में प्रवेश शुल्क लिया जाता है। यहां पर भारतीय व्यक्तियों का 55 रूपए और विदेशी व्यक्तियों का 120 रूपए लगता है। बच्चों का 30 रूपए लगता है। शिल्पग्राम 11:00 से 5:00 बजे तक खुला रहता है। आप यहां पर आ कर घूम सकते हैं। 


उदयपुर पर्यटन स्थल सूची / उदयपुर का पिकनिक स्थल, आकर्षण स्थल और फेमस जगह की लिस्ट - Udaipur Tourist Places List / List of Picnic Places, Attractions and Famous Places of Udaipur 


श्री आशापुरा माताजी मंदिर उदयपुर 
उदयपुर झील उदयपुर 
बाघदरा नेचर पार्क उदयपुर
वल्लभनगर बांध या सरजाना बांध
सुखाड़िया सर्किल
अंबा माता मंदिर उदयपुर
तंवरों की छतरी
अलसीगढ़ जलप्रपात उदयपुर
बादशाही बाग
रक्ततलाई खमनोर उदयपुर
बड़ी की पाल उदयपुर
श्री झारनेश्वर हल्दीघाटी उदयपुर
हल्दीघाटी दर्रा उदयपुर
श्री चारभुजा नाथ जी मंदिर नाथद्वारा उदयपुर
नंदसमंद बांध नाथद्वारा उदयपुर
माणिक लाल वर्मा पार्क उदयपुर 
बप्पा रावल मंदिर उदयपुर
नगह्युदा जैन मंदिर उदयपुर 
पंडित दीनदयाल उपाध्याय पार्क उदयपुर
गोवर्धन सागर झील उदयपुर 
स्मार्ट सिटी पार्क उदयपुर
स्वर्ण जयंती पार्क (भंडारी पार्क) उदयपुर
प्रताप पार्क उदयपुर 
संजय गांधी पार्क उदयपुर
हनुमान घाट मंदिर उदयपुर
राजीव गांधी स्मृति उद्यान उदयपुर
गुरु गोविंद सिंह पार्क उदयपुर



टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

मैहर पर्यटन स्थल - Maihar Tourist place | Places to visit in maihar

मैहर के दर्शनीय स्थल - Maihar tourist place in hindi | Maihar tourist places list |  मैहर शारदा देवी मंदिर मैहर में घूमने की जगह  Maihar me ghumne ki jagah मैहर का शारदा मंदिर - M aihar ka sharda mandir मैहर में सबसे प्रसिद्ध शारदा माता जी का मंदिर है। शारदा माता जी का मंदिर पूरे देश में प्रसिद्ध है। इस मंदिर में दर्शन करने के लिए पूरे देश से भक्तगण आते हैं। मंदिर में विशेष कर नवरात्रि के समय बहुत भीड़ रहती है। यहां पर इस टाइम पर मेला भी भरता है। वैसे मंदिर में आप साल के किसी भी समय घूमने के लिए आ सकते हैं। यहां पर हमेशा ही मेले जैसा ही माहौल रहता है। मंदिर एक ऊंची पहाड़ी पर स्थित है। मंदिर में पहुंचने के लिए सीढ़ियां बनी हुई है। मंदिर पर आप रोपवे की मदद से भी पहुंच सकते हैं। मंदिर में आपको शारदा माता के दर्शन करने के लिए मिलते हैं। मंदिर के परिसर में और भी देवी देवता विराजमान हैं, जिनके आप दर्शन कर सकते हैं। मंदिर से मैहर के चारों तरफ का दृश्य आपको देखने के लिए मिलता है। खूबसूरत पहाड़ देखने के लिए मिलते हैं। आपको मंदिर आकर बहुत अच्छा लगेगा।  नीलकंठ मंदिर और आश्रम मैहर -  Neelkanth Temple

कटनी दर्शनीय स्थल | Katni tourist place in hindi | Tourist places near Katni

कटनी में घूमने वाली जगह | Katni paryatan sthal | Places to visit near Katni |  कटनी जिले के पर्यटन स्थल |  कटनी जिले के दर्शनीय स्थल कटनी जिले के बारे में जानकारी Information about Katni district कटनी मध्य प्रदेश का एक जिला है। कटनी जिलें को मुडवारा के नाम से भी जाना जाता है। कटनी का संभागीय मुख्यालय जबलपुर है। 28 मई 1998 को कटनी को जिलें के रूप में घोषित किया गया है। कटनी में कटनी नदी बहती है, जो पीने के पानी का मुख्य स्त्रोत है। कटनी जिलें में मध्य प्रदेश का सबसे बड़ा रेलवे जंक्शन है। कटनी रेल्वे जंक्शन में 6 प्लेटफार्म है। यहां पर हमेशा भीड रहती है। कटनी की 8 तहसील कटनी शहर, कटनी ग्रामीण, रीठी, बड़वारा, बहोरीबंद, विजयराघवगढ, ढीमरखेड़ा, बरही है। कटनी जिले की सीमाएं उमरिया, जबलपुर , दमोह, पन्ना, और सतना जिले की सीमाओं को छूती हैं। कटनी जिले में बहुत सारी ऐतिहासिक और प्राकृतिक जगह है, जहां पर आप जाकर अच्छा समय बिता सकते हैं।  Katni places to visit कटनी में घूमने की जगहें जागृति पार्क - Jagriti Park Katni जागृति पार्क कटनी शहर का एक दर्शनीय स्थल है।

बैतूल पर्यटन स्थल - Betul tourist place | Betul famous places

बैतूल दर्शनीय स्थल - Places to visit near Betul | Betul tourist spot | Betul city बैतूल जिले की जानकारी - Betul district information बैतूल मध्यप्रदेश राज्य में स्थित एक जिला है। बैतूल जिला सतपुडा की पहाडियों से घिरा हुआ है। बैतूल जिला के मुलताई में ताप्ती नदी का उदगम हुआ है। ताप्ती मध्यप्रदेश की मुख्य नदी है। बैतूल जिले की सीमा छिंदवाड़ा, नागपुर, अमरावती, बुरहानपुर, खंडवा, हरदा, और होशंगाबाद की सीमाओं को छूती है। बैतूल जिला 10 विकास खंडों में बटा हुआ है। यह विकासखंड है - बैतूल, मुलताई, भैंसदेही, शाहपुर, अमला, प्रभातपट्टन, घोड़ाडोंगरी, चिचोली, भीमपुर, आठनेर, । बैतूल नर्मदापुरम संभाग के अंर्तगत आता है। मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल से बैतूल की दूरी करीब 178 किलोमीटर है। बैतूल जिलें में घूमने के लिए बहुत सारी दर्शनीय जगह मौजूद है, जहां पर जाकर आप बहुत अच्छा समय बिता सकते है।  बैतूल में घूमने की जगहें Places to visit in Betul बालाजीपुरम - Balajipuram betul | Betul ka Balajipuram | Balajipuram temple betul बालाजीपुरम बैतूल जिले में स्थित दर्शनीय स्थल है।