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भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab

बड़ा तालाब भोपाल या अपर लेक भोपाल - Bada Talab Bhopal or Upper Lake Bhopal


मध्य प्रदेश का सबसे बड़ा तालाब भोपाल में स्थित है। भोपाल का बड़ा तालाब एक मुख्य पर्यटन स्थल है। भोपाल का बड़ा तालाब एक मानव निर्मित कृत्रिम झील है। भोपाल शहर को झीलों का शहर कहा जाता है और भोपाल शहर में बहुत सारे झील है। भोपाल शहर में बड़ा तालाब प्रसिद्ध जगह है। भोपाल के बड़े तालाब को भोज ताल, बड़ा तालाब, भोपाल का बड़ा तालाब, अपर लेक ऐसे ही अनेक नामों से जाना जाता है। भोपाल का अप्पर लेक नाम, अंग्रेजो के द्वारा दिया हुआ है। अंग्रेज इस तालाब को अप्पर लेक कहते थे। भोपाल का बड़ा तालाब और छोटा तालाब मिलकर भोज ताल वेटलैंड बनाता है। यह तालाब भोपाल में बहुत बड़े क्षेत्र में फैला हुआ है। इस तालाब के किनारे बहुत सारे दर्शनीय स्थल देखने के लिए मिलते हैं। भोपाल शहर मध्य प्रदेश की राजधानी है और बहुत सुंदर और साफ सुथरा है। 

हम लोग सुबह के समय भोपाल के बड़े तालाब की सैर करने के लिए निकल गए। भोपाल का बड़ा तालाब एक समुद्र की तरह लगता है। भोपाल के बड़े तालाब के पास में बहुत सारे दर्शनीय स्थल है। यहां पर धार्मिक स्थल और प्राकृतिक स्थल दोनों ही मौजूद है। भोपाल के बड़े तालाब के पास हम लोगों को सबसे पहले राजा भोज सेतु देखने के लिए मिला। यह एक सुंदर ब्रिज है। यह एक केबल ब्रिज है और यह बड़े तालाब के किनारे बना हुआ है। इस ब्रिज में शाम के समय लाइट जलती है, जिससे यह ब्रिज बहुत सुंदर दिखाई देता है। हम लोग इस ब्रिज को देखने के बाद आगे बढ़े। राजा भोज सेतु के पास में ही रानी कमलापति का महल देखने के लिए मिलता है। यहां पर गार्डन भी बना हुआ है। यहां पर लोअर लेक दृश्य भी देखने के लिए मिलता है। 

भोपाल के कमलापति महल को देखने के बाद, हम लोग आगे बढ़े। यह पर शीतल दास की बगिया मंदिर भी है। हम लोग आगे बढ़कर भारत भवन रोड के साइड मुड़ गए। हम लोग सुबह के समय गए थे, तो भारत भवन बंद था। नहीं तो हम लोग यहां पर भी घूम लेते। यहां से बड़ा तालाब के पास के दर्शनीय स्थल शुरू होते हैं। यहां पर प्रधानमंत्री आवास भी देखने के लिए मिलता है। मतलब प्रधानमंत्री आवास का गेट देख सकते हैं। आप उसके अंदर नहीं जा सकते हैं, बिना अनुमति के।  हम लोग प्रधानमंत्री आवास स्थल देखने के बाद आगे बढ़े, हम लोगों को यहां पर धूनी वाले बाबा का दरबार देखने के लिए मिला। यह मंदिर सुबह के समय खुला था। धूनी बाबा दरबार के पास से सीधा रोड जाता है। यह सीधा रोड बड़े तालाब के किनारे से बना हुआ है और यह रोड सीधा वन विहार नेशनल पार्क की तरफ जाता है। इस रोड में बहुत सारे व्यूप्वाइंट, गार्डन, बोट राइडिंग क्लब बने हुए हैं। यहां पर हम लोगों को एक व्यूप्वाइंट देखने के लिए मिला। 

बड़ा तालाब व्यूप्वाइंट से सुंदर दृश्य देखने के लिए मिलता है। इस व्यूप्वाइंट के पास एक कृत्रिम झरना भी बना हुआ है। यह झरना बहुत सुंदर लगता है। इस झरने में पहाड़ियों के ऊपर से चट्टानों से पानी बहता है, जो बहुत ही सुंदर लगता है। यह पानी स्वच्छ है, कि नहीं इसकी जानकारी हम लोगों को नहीं है। मगर यह झरना बहुत सुंदर लगता है। झरने का पानी बड़े तालाब से जाकर मिल जाता है। इस व्यूप्वाइंट से बड़े तालाब का सुंदर दृश्य दिखाई दे रहा था। झील के उस पार भोपाल शहर देखने के लिए मिल रहा था और राजा भोज की मूर्ति भी देखने के लिए मिल रही थी। बहुत धुंधली धुंधली दिखाई दे रही थी। मगर यहां से आपको दिखाई दे देगी। भोज ताल झील के किनारे घूमने के लिए गार्डन भी बना हुआ है। आप यहां पर पैदल घूमना चाहते है , तो यहां पर घूम सकते है। 

व्यूप्वाइंट के बाजू से एक रास्ता गया था। यहां पर सुंदर गार्डन बना हुआ था और पैदल चलने के लिए रास्ता बना हुआ था। आप इस रास्ते से पैदल वॉकिंग कर सकते हैं और झील के सुंदर दृश्य को इंजॉय कर सकते हैं और जहां पर भी आप थक जाते हैं, तो वहां पर बैठ सकते हैं। यहां का नजारा बहुत सुंदर था। इस व्यूप्वाइंट के पास एक मंदिर भी बना हुआ था, जो बहुत सुंदर था। यहां पर चारों तरफ हरियाली देखने के लिए मिलती है। हम लोग इस जगह कि कुछ फोटो लेने के बाद आगे बढ़े। 

भोपाल के बड़े तालाब के किनारे हम लोगों को टैंक देखने के लिए मिला। यह टैंक युद्ध में भारतीय सैनिकों के द्वारा उपयोग किया गया था। यह टैंक बहुत ही जबरदस्त दिख रहा था। यहां से हम आगे बढ़े, तो यहां पर एक चाय वाले की दुकान थी, जो अलग-अलग प्रकार की चाय दे रहा था। यहां पर प्लेन चाय, जिंजर टी, इलायची टी, चॉकलेट टी, मसाला टी और कुल्लड़ चाय पीने के मजे लिए जा सकते है। 

भोपाल का बड़ा तालाब बहुत ही सुंदर है। हमें बड़े तालाब के किनारे बोट हाउस देखने के लिए मिला। यहां पर तरह-तरह की बोट थी। यहां पर हम लोगों को वेस्ट चीजों से बना हुआ पृथ्वी का ग्लोब देखने के लिए मिला। यह ग्लोब बहुत सुंदर लग रहा था। यह ग्लोब प्लास्टिक की बोतलों से बना हुआ था। इस के बाजू में एक पियानो भी बना हुआ था। यह पियानो भी वेस्ट सामान से बना हुआ था। यह पियानो कंप्यूटर के कीबोर्ड, मदरबोर्ड, कैसेट का बना हुआ था। इस पियानो को जिस व्यक्ति ने बनाया था। उसका नाम भी यहां पर लिखा हुआ था। यह बहुत सुंदर लग रहा था। यहां पर आपको एक रेलवे इंजन का मॉडल देखने के लिए मिलता है, यह स्टीम इंजन है। यह इंजन हिल स्टेशन में यूज होता है और यह बहुत सुंदर लग रहा था। यहां पर हम लोगों को भारतीय युद्धपोत भी देखने के लिए मिला। युद्धपोत का छोटा मॉडल यहां पर रखा गया था और बहुत सुंदर लग रहा था।

भोपाल का बड़ा तालाब के पास में बोट क्लब भी है। यहां पर बहुत सारी बोट देखने के लिए मिलती है। यहां पर पतली वाली बोट रखी हुई थी, जिसमें एक व्यक्ति बैठ सकता है और वोट को चला सकता है। यह वोट बहुत सुंदर लग रही थी। यहां पर क्रूज बोट भी देखने के लिए मिलती है, जिसमें बहुत सारे व्यक्ति बैठकर घूम सकते हैं। यहां पर नाविक भी थे, जो नाव चलाते हैं और आप वोट में बैठकर भोपाल झील का मजा ले सकते हैं। यहां पर बदक वाली भी नाव देखने के लिए मिल जाती है। यहां पर आप बोट राइडिंग का मजा ले सकते हैं। इनके चार्जेस अलग-अलग रहते हैं। यहां पर आप पेडलबोर्ड का मजा ले सकते हैं। पेडलबोर्ड में आपको जितनी दूर तक बोट चलाना है। आप चला सकते हैं। उसके बाद आपको पेडल मारकर वापस आना पड़ेगा। यहां पर खाने-पीने के भी बहुत सारे ठेले लगे हुए थे। यहां पर मैगी भी मिल रही थी। हम लोग बड़े तालाब की दृश्य को एंजॉय किए और उसके बाद हम लोग आगे वन विहार की तरफ बढ़ गए, क्योंकि हम लोग को वनविहार घूमना था। वन विहार के रास्ते में जाते हुए हम लोगों को जीवन वाटिका गार्डन देखने के लिए मिला। इस गार्डन में आप म्यूजिकल फाउंटेन देख सकते हैं। 


भोपाल तालाब की जानकारी - Bhopal Talab ki Jankari

भोपाल का बड़ा तालाब प्राचीन है। इस तालाब को भोपाल तालाब भी कहते हैं। यह तालाब 65000 हेक्टेयर क्षेत्र में फैला हुआ है। यह तालाब कहीं-कहीं पर 30 मीटर तक गहरा है। इस तालाब के किनारे राजा भोज की मूर्ति देखने के लिए मिलती है। इस तालाब का निर्माण राजा भोज के द्वारा किया गया था। बड़ा तालाब का निर्माण 11वीं शताब्दी में हुआ था। भोपाल की आधी जनसंख्या इस तालाब का पानी पीती है। इस तालाब को राजा भोज के नाम पर भोज ताल के नाम से भी जाना जाता है। इस तालाब के किनारे एक और आकर्षण देखने लायक है। तालाब के किनारे राजा भोज सेतु बनाया गया है, जो बहुत सुंदर है। यहां पर आपको वीआईपी सड़क भी देखने के लिए मिलती है।  इस सड़क का अधिकांश भाग बड़ा तालाब के ऊपर बना हुआ है। 


भोपाल का बड़ा तालाब का इतिहास - Bhopal ka Bada Talab ka Itihas

भोपाल का बड़ा तालाब का इतिहास बहुत रोचक है। भोपाल का बड़ा तालाब धार जिले के परमार राजा भोज के द्वारा बनवाया गया था। राजा भोज को त्वचा संबंधी बीमारी हुई थी। जिस से निजात पाने के लिए उन्होंने बहुत सारे वैद्य से सलाह ली। लेकिन उन्हें इस रोग से निजात नहीं मिला। फिर उन्हें एक संत ने बताया, कि अगर उन्हें इस रोग से नहीं निजात पाना है, तो उन्हें 365 जल स्रोतों का पानी एकत्र करके, उसमें स्नान करना पड़ेगा। राजा ने अपने मंत्रियों को यह काम सौंप दिया। राजा के मंत्रियों ने यह काम किया। उन्हें यह जगह भी मिल गई, जहां पर 250 से ऊपर नदियों का पानी मिल रहा था। बाकी की नदियां नहीं मिल रही थी। उन लोगों नहीं मिली। जिससे मंत्री लोगों को बहुत ही निराश हुए। इस वक्त में उन लोगों की सहायता एक गोंड व्यक्ति ने की थी। उन्होंने एक नदी का नाम बताया, जिस की सहायक नदियां मिलाकर 365 हो जाता। उसके बाद मंत्रियों ने उस नदी का बांध बनाकर, उसके बहाव को बड़े तालाब से मिलाया और इस तरह बड़े तालाब का निर्माण हुआ। 


भोपाल के बड़े तालाब की फोटो - Bhopal Bada Talab image 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
बड़ा तालाब का बोट क्लब 



भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
बड़ा तालाब का सुंदर दृश्य 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
भोपाल का बड़ा तालाब


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
भोपाल तालाब के किनारे बना हुआ गार्डन 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
भोपाल तालाब के किनारे बना हुआ कृतिम झरना 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
वेस्ट सामान से बना सुंदर पियानो 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
भोपाल झील के किनारे बनी ही सुंदर कलाकृति 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
भारतीय युद्धपोत 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
भारतीय टैंक 


भोपाल का प्रसिद्ध ताल - भोपाल तालाब - Bhopal Talab
जीवन वाटिका पार्क


सांची का स्तूप रायसेन

बौद्ध स्तूप सतधारा रायसेन

हलाली बांध भोपाल

उदयगिरि की गुफाएं विदिशा


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