जयगढ़ किले (Jaigarh fort) की यात्रा

जयगढ़ किला


जयगढ़ किले (Jaigarh fort) की यात्रा

जयगढ़ किले से जयपुर सिटी का व्यू  

जयगढ़ का किला जयपुर का एक दर्शनीय स्थल है। वैसे जयपुर शहर में बहुत सारे प्राचीन किलें हैं और इन किलों को देखने के लिए पूरी दुनिया से लोग आते हैं। इन सभी किलो में जयगढ़ का किला बहुत फैमस है। 

जयगढ़ का किला यहां पर रखी तोप के कारण प्रसिद्ध है। इस तोप के बारे में कहा जाता है, कि यह दुनिया की सबसे बड़ी तोप है। जयगढ़ का किला एक पहाड़ी की चोटी पर स्थित है। इस किलें तक पहुॅचने के लिए हम लोगों ने गाडी बुक किया था। पहले हम लोग नाहरगढ़ किले घूमे थे। उसके बाद हम लोग ने जयगढ़ के किले गए थे। नाहरगढ़ किला और जयगढ़ का किला दोनों एक ही रोड में हैं। पहले हम लोगों ने  नाहरगढ़ किला घूमा। उसके बाद जयगढ़ किला गए थे। जयगढ़ किला नाहरगढ़ किला से करीब 5 किलोमीटर की दूरी पर होगा।

जयगढ़ का पूरा किला हम लोगों ने अपनी गाडी से घूमा था। आप चाहे तो पैदल भी घूम सकते हैं। आप जयगढ़ किला पहुॅचते है, तो सबसे पहले आपको किलें में प्रवेश के लिए टिकट लेना पडता है। प्रवेश द्वार पर टिकट मिलता है। यहां पर आपको टिकट लेनी पड़ती है। टिकट के लिए बहुत लंबी लाइन लगती है। यहां पर दो टिकट घर है, जहां पर आप को टिकट मिलती है। किले में प्रवेश करने के लिए गाड़ी का अलग चार्ज होता है। इसके बाद आप किलें में गाड़ी लेकर प्रवेश कर सकते हैं। हम लोग गाडी से ही तोप के पास तक गए थे। हमारे गाडी चालाक ने रोड पर गाडी रूक दिया था। उसके बाद हम लोग गाड़ी से उतरकर तोप को देखने के लिए पैदल गए थे। यहां पर आपको तोप देखने जाने वाले रास्तें में एक साइड में एक कुंड देखने मिलता है। हम लोग तोप के पास पहुॅच गए। 

जयगढ़ किले (Jaigarh fort) की यात्रा

जयगढ़ किले में रखी तोप  

जयगढ़ किले (Jaigarh fort) की यात्रा

 जयगढ़ किले में रखी तोप का दृश्य


Jaivana cannon
जयावाण तोप


जयगढ़ किलें में रखी तोप दुनिया की सबसे बडी तोप है। इस तोप को जयावाण तोप के नाम से भी जाना जाता है।  तोप एक शेड के नीचे रखी गई है। इस तोप के बारे में कहा जाता है कि प्राचीन समय में एक ही बार इस तोप को चलाया गया था और जो भी इस तोप को चलाता था। वहां तोप के बाजू में बने कुंड में छलाग लगा देता था, क्योंकि यह तोप इतनी शक्ति शाली थी और इस तोप की आवाज बहुत जोरदार थी। जिससे जो भी इस तोप को चलाता उसकी मृत्यु हो जाती। इसलिए वह इस कुंड में तोप को चलाने के बाद कूद जाया करता थे। इस तोप का निर्माण 1720 में हुआ था। इस तोप से निकला बारूद 35 किलोमीटर की दूरी तय कर सकता था। तोप के बैरल की लंबाई 6.15 मीटर है। इस तोप का वजन 50 टन है। यह जानकारी हम लोग का हमारे ड्राइवर ने दिया था। आप यहां पर गाइड करना चाहते है, तो कर सकते हैं। गाइड आपको पूरी तरह से इस जगह की जानकारी देगा और आपका ड्राइवर सीमित जानकारी दे पायेगा। 

जयगढ़ किले (Jaigarh fort) की यात्रा

जयगढ़ किले का पूरा व्यू  

आप महल की चोटी से पूरा जयपुर शहर का नजारा देख सकते है। तोप के पास ही में व्यू पांइट है, जहां पर खडे होकर व्यू का मजा ले सकते है। यहां से आपको जल महल देखने मिलता है। आप यहां से आगे बढते है, तो आपको ऊंट देखने मिल जाते है। जिस पर आप सवारी कर सकते है। हम लोग जब गए थे, तब यहां पर हमको हाथी देखने नहीं मिले थे। आप यहां पर हाथी की सवारी भी कर सकते है। यहां पर रेस्टोरेंट भी है, जहां पर आप खाना पीना खा सकते हैं। कुछ देर रेस्ट कर सकते हैं। इसके अलावा यहां पर हम लोगों को बहुत ढेर सारे बंदर भी देखने मिले थे, जो आपसे आपका सामान छीन सकते है, तो आप यहां पर अपना सामान संभल कर रखें। 

जयगढ़ किले को अगर आप पैदल घूमते है, तो आपको इस महल के बारे में अच्छे जानकारी मिल जाएगी और यहां की पूरी जगह आप घूम सकते है। अगर आप यहां पर कार से घूमते हैं, तो आप यहां पर आधे घंटे में घूम सकते हैं और आप पैदल घूमेंगे तो आपका करीब एक से डेढ़ घंटा लग सकता है। आप किलें के बाहर आते है, तो आपको यहां पर बहुत सारी छोटे छोटे सामान बेचने वाले देखने मिल जाती है। यहां पर आपको राजस्थानी पगड़ी देखने मिलती हैं, जो यहां पर बहुत फेमस है। आप चाहे तो याद की तरह इन पगड़ी को लेकर जा सकते हैं।

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