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गुड़हल का फूल (Gudhal ka phool) या अड़हुल के फूल के औषधीय गुणों के बारे में जानकारी

 गुड़हल या अड़हुल के फूल का पौधा 
Gudhal ya Arhul ke phool ka paudha


गुड़हल के पौधे का अंग्रेजी नाम - शू फ्लावर 
गुड़हल के पौधे का वनस्पतिक नाम - हिविस्कस रोजा साइनेंसिस


अड़हुल का फूल, एक सुंदर फूल वाला पौधा है। गुड़हल फूल का पौधा पूरे भारत देश में पाया जाता है। गुड़हल को अड़हुल के नाम से भी जाना जाता है। गुड़हल के फूल को अड़हुल का फूल भी कहा जाता है। गुड़हल का पौधा बगीचों, बागों, और घरों में देखने के लिए मिल जाता है। गुड़हल का फूल बहुत सुंदर लगता है। गुड़हल के फूल, पत्तियां और जड़ों का उपयोग औषधि के रूप में किया जाता है। गुड़हल के फूल को भगवान श्री गणेश जी को चढ़ाया जाता है। गुड़हल के पौधे की दुनिया भर में 200 से भी ज्यादा किस्म देखने के लिए मिलती है। गुड़हल का पौधा लाल, पीले, नारंगी, काले, सफेद, ऑरेंज कलर में देखने के लिए मिल जाता है। 

अड़हुल फूल बहुत सुंदर होता है। गुड़हल के फूल का आकार मंदिर में बजने वाले घंटे के समान होता है। गुड़हल फूल में पंखुड़ी देखने के लिए मिलती है। गुड़हल के फूल का जननांग फूल के बाहर निकला हुआ रहता है और इसमें पराग लगे रहते हैं, जो बहुत बारीक रहते हैं और बहुत सुंदर लगते हैं और पीले कलर के रहते हैं। गुड़हल का फूल बहुत सारे औषधीय कामों के लिए उपयोग किया जाता है। गुड़हल को बहुत सारे अलग-अलग नामों से जाना जाता है। गुड़हल को जपा, जवाकुसुम, चाइना रोज और जास्मिन के नाम से भी जाना जाता है। गुड़हल का फूल का उपयोग पूजा पाठ में किया जाता है। गुड़हल के फूल की तासीर ठंडी होती है। 

गुड़हल का पौधा हमेशा हरा रहता है। गुड़हल के पौधे में साल भर फूल लगते हैं और यह पौधा बहुत सुंदर लगता है। यह पौधा 6 से 8 फीट ऊंचा होता हो सकता है। गुड़हल की पत्तियों के किनारे, कोने निकले हुए रहते हैं। 


गुड़हल के प्रकार - types of hibiscus

गुड़हल का पौधा में, जो फूल उगते हैं। वह अलग-अलग प्रकार के होते हैं और अलग-अलग रंग में उगते हैं। इसके फूल बहुत सुंदर लगते हैं। इसके फूलों में आपको पंखुड़ी एक स्तर में देखने के लिए मिल जाती है और बहूस्तर में भी देखने के लिए मिलती है, जो बहुत सुंदर लगती है। बहुस्तरीय फूल में पूरा गुच्छा बना रहता है, जो बहुत सुंदर लगता है। 


गुड़हल के फूल के फायदे - Gudhal ke phool ke fayde


गुड़हल का फूल पथरी का इलाज 

पथरी के इलाज में गुड़हल का फूल मुख्य भूमिका निभाता है। आप गुड़हल के फूल का पाउडर बनाकर पथरी के इलाज में उपयोग कर सकते हैं और इसके पाउडर को आप रात में सोते समय लेकर खा सकते हैं, जिससे पथरी में आराम मिलेगा। 


गुड़हल का फूल प्रयोग शरीर की गर्मी उतारने के लिए 

शरीर में जब गर्मी बढ़ जाती है। शरीर में जलन होने लगती है। शरीर के पैर और छाती में जलन होती है, तो आप गुड़हल के फूलों को खा सकते हैं। इससे जलन कम हो जाती है, क्योंकि इसकी तासीर ठंडी रहती है। इसलिए आप इसका प्रयोग कर सकते हैं। मगर इसका बीपी वाले लोगो को इसको लेने में सावधानी बरतनी चाहिए और गुड़हल के फूल का प्रयोग काली मिर्च के साथ करना चाहिए। आप इसकी फूल को कच्चा ही खा सकते हैं। 


बालों के झड़ने, गंजेपन और रूसी में गुड़हल के पत्ते एवं फूलों का प्रयोग 

गुड़हल के पत्ते एवं फूलों का प्रयोग बालों से संबंधित समस्या में किया जा सकता है। बालों की समस्या से सभी लोग ग्रसित है। आजकल युवा वर्ग के लोगों में बाल झड़ने की समस्या आम है  और गंजापन आने लगता है। इसके लिए गुड़हल का प्रयोग किया जा सकता है। गुड़हल के फूल एवं इसकी पत्तियां लेकर कुचल ले एवं पत्तियों को नारियल तेल या तिल के तेल में उबाल लें। इसे मध्यम आंच में उबालें। जब पत्तियां उबल जाए। तेल को ठंडा होने दें और इस एक शीशी में भर ले। इस तेल का प्रयोग प्रतिदिन करें। गंजापन, बाल झड़ने की समस्या और बालों की रूसी ठीक हो जाएगी। 


प्रमेह एवं धातु रोग में गुड़हल के फूल का प्रयोग 

प्रमेह एवं धातु रोग में गुड़हल के फूल का प्रयोग किया जा सकता है। गुड़हल के फूल को आप अगर सुबह के समय चबाकर खाएंगे, तो आपका प्रमेह रोग दूर हो जाएगा। प्रमेह और धातु रोग से छुटकारा मिल जाएगा। यह यौन संबंधी बीमारी को भी ठीक करता है। 


सफेद पानी में गुड़हल का प्रयोग 

सफेद पानी में गुड़हल के फूल का प्रयोग किया जा सकता है। सफेद पानी में गुड़हल ताजा फूल तोड़ कर, उसे खा सकते हैं। जिससे आपको सफेद पानी की परेशानी दूर हो जाएगी। यह परेशानी महिलाओं में विशेष तौर पर रहती है। 


मुंह के छाले में गुड़हल की पत्तियों का फायदे 

मुंह के छालों में गुड़हल की पत्तियों का उपयोग किया जा सकता है। अगर आपके मुंह में छाले आ गए हैं, तो आप गुड़हल की पत्तियों को तोड़कर मुंह में डालकर चबा सकते हैं और इसे कुछ देर अपने मुंह में रखें और उसके बाद आप इसे थूक सकते हैं या आप इसे निगल भी सकते हैं। यह आप पर निर्भर करता है। इससे आपके मुंह के छालों में आराम मिलता है। 


गुड़हल के फूल बाल बढ़ने में सहायक होते हैं। गुड़हल के ताजे फूलों को पीसकर बालों में लगाया जाता है, तो इससे बाल बढ़ते हैं। 

गुड़हल का शरबत हृदय तथा मस्तिष्क की दुर्बलता को दूर करता है। 

गुड़हल की जड़ का प्रयोग खांसी के इलाज के लिए किया जाता है


अड़हुल या गुड़हल के फूल का पाउडर - Arhul ya Gudhal ka powder

अड़हुल या गुड़हल का पाउडर एक मुख्य औषधीय उत्पाद है। अरहुल के फूल या गुड़हल के फूल का पाउडर बनाने के लिए आप इसके पुष्प का प्रयोग कर सकते हैं। अड़हुल के फूल को आप तोड़ लीजिए। इसी के डंठल को साफ कर लीजिए और फिर इसे छांव में सूखा लीजिए। आप अड़हुल के फूलों को धूप में ना सुखाए। धूप में सुखाने से अड़हुल के फूलों के पोषक तत्व नष्ट हो जाते हैं। इसलिए आप इसे छांव में सिखाएं। उसके बाद आप इसको पत्थर में कूट लीजिए और इसका बारीक चूर्ण बना लीजिए। इस चूर्ण को कपड़े से छान ले। इस चूर्ण का प्रयोग आप बहुत सारे कामों में कर सकते हैं। 


अड़हुल या गुड़हल का पाउडर के फायदे एवं उपयोग - Arhul ya gudhal ke powder ke fayde or upyog

  1. गुड़हल के पाउडर का उपयोग बहुत से कामों में किया जाता है। गुड़हल के पाउडर से शरबत बनाया जा सकता है, जिससे ठंडक मिलती है। 
  2. गुड़हल के पाउडर से चाय बनाई जा सकती है। इसमें आप अपने अनुसार मसाले डाल सकते हैं और चाय पी सकते हैं। 
  3. गुड़हल के पाउडर को फेस पैक की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके पाउडर में मुल्तानी मिट्टी में मिलाकर, चेहरे में लगा सकते हैं। इससे त्वचा बहुत खूबसूरत होती है। 
  4. गुड़हल का पाउडर का उपयोग और भी बहुत सारे कामों में किया जाता है। 


सफेद गुड़हल का फूल - white hibiscus flower

सफेद गुड़हल का फूल आपने जरूर देखा होगा। यह बगीचों में देखने के लिए मिल जाता है। सफेद गुड़हल के फूल को आप नर्सरी से खरीद सकते हैं। सफेद गुड़हल के पौधों को आप गमले में लगा सकते हैं। सफेद गुड़हल का पौधा एक पंखुड़ी वाला देखने के लिए मिलता है। 


काला गुड़हल का फूल - black hibiscus flower

काला गुड़हल का फूल बहुत ही कम देखने के लिए मिलता है। काला गुड़हल का फूल भारत में बहुत कम पाया जाता है। मगर इसे भी आप नर्सरी से खरीद सकते हैं। यह बहुत महंगे दामों में मिलता है। 


नीला गुड़हल का फूल - blue hibiscus flower

नीला गुड़हल का फूल बहुत सुंदर रहता है। नीला गुड़हल का फूल भी आपको बगीचों में देखने के लिए मिल जाएगा और यह फूल बहुत सुंदर लगता है और आपको अगर इसे घर में लगाना है, तो आप इसे नर्सरी से खरीद सकते हैं। 


पीला गुड़हल का फूल - yellow hibiscus flower

पीला गुड़हल का फूल बहुत सुंदर है। पीला गुड़हल का फूल आपको आराम से कहीं भी देखने के लिए मिल जाता है। यह आसानी से मार्केट में मिल जाता है। पीला गुड़हल का फूल नर्सरी में आसानी से मिल जाता है और यह इतना महंगा नहीं रहता है। इसे आप नर्सरी से खरीद कर ला कर गमले में लगा सकते हैं। 


लाल गुड़हल का फूल - red hibiscus flower

लाल गुड़हल का फूल बहुत सुंदर रहता है। लाल गुड़हल का फूल आपको हर जगह देखने के लिए मिल जाता है। यह घरों में और बगीचों में लगा रहता है। लाल गुड़हल के फूल को आप कलम के द्वारा आसानी से घर में ही लगा सकते हैं। यह बरसात में आसानी से पीक जाता है। लाल गुड़हल का फूल मां दुर्गा जी को और श्री गणेश जी को चढ़ाया जाता है। आप इसे गमले में या बगीचे में लगा सकते हैं।



गुड़हल का फूल (Gudhal ka phool) या अड़हुल के फूल के औषधीय गुणों के बारे में जानकारी


गुड़हल का फूल (Gudhal ka phool) या अड़हुल के फूल के औषधीय गुणों के बारे में जानकारी








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